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दिव्यांगों का सहारा बनी योजना, लाखों दिव्यांगों को मिल रही आर्थिक सहायता

लखनऊ।  उत्तर प्रदेश की  सरकार  की और से दिव्यांगों के लिए चली जा रहे योजनाओं का दिव्यांगों को खूब लाभ मिल रहा है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सरकार द्वारा चलाई जा रही ‘दिव्यांग भरण-पोषण अनुदान  व् पेंशन योजना से  उत्तर प्रदेश के लाखों दिव्यांगजनों के जीवन को सहारा मिला है। सरकार के इस कल्याणकारी कदम से न सिर्फ लाभार्थियों को आर्थिक सुरक्षा मिली है।  और वे बिना किसी पर निर्भर रहे आत्मसम्मान के साथ अपना जीवन जी रहे हैं। यह योजना  सरकार उन परिवारों की ‘लाइफलाइन’ साबित हुए है जिनके पास आजीविका का कोई स्थायी साधन नहीं है।  प्रदेश के बाराबंकी की रहने वाली आशा और उनके पति हरिलाल के लिए यह पेंशन सहारा बानी  है। आशा एक हाथ से दिव्यांग हैं और उनके पति सांस की गंभीर बीमारी से जूझ रहे हैं। हरिलाल ने बताया, “स्वास्थ्य खराब रहने के कारण लगातार काम पर नहीं जा पाता। परिवार का खर्च चलाना एक बड़ी चुनौती थी, लेकिन समय पर मिलने वाली इस पेंशन से परिवार को सहारा मिला है। राजधानी लखनऊ के कौशल के अनुसार उत्तर प्रदेश में योगी सरकार आने के बाद से ही उन्हें नियमित पेंशन का लाभ मिलना शुरू हुआ है। कौशल को 1 हजार रूपये महीना की सहायता राशि मिलती है। उनका कहना है कि इस राशि से उनकी दवाइयों और रोजमर्रा के जरूरी खर्चों की परेशानी काफी हद तक कम हो गई है।

उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार की पारदर्शी नीति के तहत इस योजना का ढांचा बेहद मजबूत हुआ है। सरकार ने वित्तीय वर्ष 2025-26 में अब तक 12 लाख से अधिक पात्र दिव्यांगजनों को इस योजना से जोड़ा है।हर पात्र लाभार्थी को 1000 रूपये प्रति माह की आर्थिक सहायता दी जा रही है। यह राशि सीधे लाभार्थियों के बैंक खातों में ट्रांसफर की जाती है। इसके चलते बीच में कोई नहीं रहता है।  

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Author: sshakti

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