स्ट्रेस व डिप्रेशन में क्या खाएं और क्या न खाएं

ज्यादातर लोगों में स्ट्रेस व डिप्रेशन का कारण खान-पान में विटामिन और मिनरल्स की कमी की वजह से होता है।

स्ट्रेस व डिप्रेशन की समस्या वर्तमान दौर की सबसे गंभीर बीमारी है। इसके प्रति लोगों की लापरवाही और भी इसे खतरनाक बना देती है। ज्यादातर लोगों में स्ट्रेस व डिप्रेशन का कारण खान-पान में विटामिन और मिनरल्स की कमी की वजह से होता है। स्ट्रेस व डिप्रेशन सो उबरने के लिए खान-पान में विशेष ध्यान देने की जरूरत पड़ती है। एक्सपर्ट्स की माने तो खान-पान अगर संतुलित रखा जाय तो इन दोनों ही बीमारियों से जल्द छुटकारा मिल जाता है। स्ट्रेस की वजह कुछ विटामिन और मिनरल्स की कमी होती है तो वहीं स्ट्रेस जब बढ़ता जाता है तो वह कब डिप्रेशन में तब्दील हो जाता है लोगों को पता ही नहीं चलता है।

खान-पान की कुछ चीजें दिमाग को संतुलित रखती हैं उसकी मुख्य वजह होता है उस खाद्य पदार्थ में पाया जाने वाला विटामिन और मिनरल्स जो शरीर के नर्व सिस्टम को संचालित करता है। तो आइए जानते हैं डिप्रेशन व स्ट्रेस में क्या खाना चाहिए और क्या नहीं खाना चाहिए।

क्या खाएं-क्या न खाएं

यदि आप तनाव के कारण परेशान हैं तो ध्यान रखें ये बात कि स्ट्रेस से दिमाग ऑक्सीडेटिव डैमेज के प्रति संवेदनशील हो जाता है। यानी कोशिकाओं को मिलने वाली ऑक्सीजन की मात्रा प्रभावित होने लगती है। आगे चल कर इसका प्रभाव मस्तिष्क की कार्यप्रणाली पर पड़ता है।

ऐसे में एंटी-ऑक्सीडेंट्स से भरपूर खान-पान अपनाने से न सिर्फ मस्तिष्क बल्कि किडनी, लीवर और दिल को भी सेहतमंद बनाए रखा जा सकता है। इसके लिए दिन भर में तीन से पांच छोटे बाउल ताजे फलों का सेवन करें। फल विटामिन सी, केरोटिनायड्स और फाइबर से भरपूर होते हैं। ये कोशिकाओं को पोषण दे, उन्हें क्षतिग्रस्त होने से बचाते हैं।

इसके साथ ही ज्यादा कॉफी या चाय पीने से बचें। कैफीन की ज्यादा मात्रा से तनाव में वृद्धि होती है। शाम को तो इनके सेवन से जरूर बचें, क्योंकि कैफीन का असर नींद पर पड़ता है।

जो लोग डिप्रेशन का सामना कर रहे हैं वे दिनभर में सात अखरोट खाएं। ये ओमेगा 3 फैटी एसिड से भरपूर होते हैं, जो दिमाग के न्यूरोट्रांसमीटर पर असर छोड़ते हैं। इसके अलावा अगर डिप्रेशन ज्यादा रहता है तो कम वसा वाले डेयरी उत्पाद, मेवे और साबुत अनाज का सेवन करें। इनमें सेलेनियम अच्छी मात्रा में होता है, जो निराशा कम करने में मददगार है।

इसके साथ ही विटामिन बी3 से भरपूर बीन स्प्राउट और ब्रोकोली, केले का सेवन करें। इनमें विटामिन सी और ए भी होता है, जो निराशा कम करने में मददगार है। सेब, बादाम और गाजर का सेवन करें, इनमें प्राकृतिक एंटीडिप्रेसेंट फिनेलिथैलेलाइन होता है।

SHUBHDA SHAKTI
Author: SHUBHDA SHAKTI

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