बाड़मेर के गुरुकुल में मासूमों से हैवानियत…गर्म सरियों से दागते थे टीचर, नींद में बिस्तर गीला करने पर मिलती थी सजा
राजस्थान के बाड़मेर में बच्चों के साथ बर्बरता का मामला सामने आया है। बिस्तर गीला करने पर बच्चों को वार्डन ने गर्म लोहे की छड़ी से दागा। आरोपी को हिरासत में ले लिया गया है।

राजस्थान के बाड़मेर जिले के हरपालेश्वर मंदिर ट्रस्ट हॉस्टल में बच्चों के साथ हैवानियत का मामला सामने आया. आरोप है कि टीचर नारायणगिरी नींद में बिस्तर गीला करने वाले बच्चों को गर्म सरिए से दागता और मारपीट करता था. एक बच्चा भागकर बाहर पहुंचा तो मामला उजागर हुआ. परिजनों के हंगामे के बाद पुलिस ने आरोपी को हिरासत में लेकर जांच शुरू की.
हॉस्टल में छोटे बच्चे जब पेशाब कर देते थे तो वार्डन उन्हें लोहे की छड़ गर्म करके दागता था। मामले का वीडियो वायरल हुआ है। परिजन ने जब बच्चों के शरीर पर जले के निशान देखे तो उनका कलेजा फट गया।

राजस्थान के बाड़मेर से दिल दुखाने वाली खबर सामने आई है, यहां के गुरुकुल में बिस्तर गीला करने पर बच्चों को कथित तौर पर लोहे से दागने की सजा दी जा रही थी। जिले के एक गुरुकुल में बच्चों के कथित उत्पीड़न का चौंकाने वाला मामला सामने के बाद परिजन का गुस्सा फूट पड़ा है। आरोप है कि गुरुकुल के वार्डन ने बिस्तर गीला करने पर दो बच्चों को गर्म लोहे की छड़ से दागा। अधिकारियों ने बृहस्पतिवार को यह जानकारी दी।

अधिकारियों के अनुसार यह घटना 17 अगस्त को सेड़वा क्षेत्र के हरपालिया गांव में हरपालेश्वर महादेव विकास सेवा समिति द्वारा संचालित एक गुरुकुल में हुई। उन्होंने आगे बताया कि 2022 से संचालित इस गुरुकुल में गरीब, खानाबदोश और अनाथ परिवारों के बच्चे रहते हैं। पुलिस ने बताया कि यह मामला तब सामने आया जब घायल बच्चों में से एक रात में गुरुकुल से भाग गया और अपने परिवार को कथित यातना के बारे में बताया।

बच्चों के शरीर पर दागने के घावों और उनके साथ हुए दुर्व्यवहार का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद ग्रामीण संस्थान के बाहर इकट्ठा हो गए और सख्त कार्रवाई की मांग करने लगे। चौहटन के पुलिस उपाधीक्षक जीवन लाल खत्री ने पुष्टि की कि भरतपुर निवासी और गुरुकुल के वार्डन-सह-शिक्षक नारायण गिरि को हिरासत में लिया गया है। खत्री ने कहा, ‘‘एक वीडियो में बच्चों ने आरोप लगाया है कि उन्हें गर्म छड़ से दागा गया। इसके बाद, हमने नारायण गिरि को हिरासत में ले लिया।’’
ब्लॉक शिक्षा अधिकारी (बीईओ) प्रकाश चंद विश्नोई ने कहा कि विभागीय जांच शुरू कर दी गई है। विश्नोई ने कहा, ‘‘घटना की जांच के लिए एक समिति गठित की गई है। हमने गुरुकुल का दौरा किया और बच्चों, उनके अभिभावकों व कर्मचारियों से बातचीत की है। रिपोर्ट जल्द सौंप दी जाएगी।’’

प्रारंभिक जांच के अनुसार आरोपी ने 10 और 11 साल के बच्चों द्वारा सोते समय बिस्तर गीला किए जाने पर उन्हें लोहे की गर्म छड़ से दागा। एक अधिकारी ने कहा, ‘‘बच्चों ने पिटाई किए जाने और चुप रहने की धमकी देने का भी आरोप लगाया है।’’ वीडियो में ग्रामीणों ने वार्डन पर पहले भी उन पर लाठियों से हमला करने का आरोप लगाया है। अधिकारियों ने कहा कि जांच में यह भी देखा जाएगा कि गुरुकुल की उचित निगरानी की जा रही थी या नहीं। इस बीच, अभिभावकों और स्थानीय लोगों ने लापरवाही का दोषी पाए जाने पर कड़ी कानूनी कार्रवाई और गुरुकुल को बंद करने की मांग की।
आरोप है कि जो बच्चे नींद में टॉयलेट कर देते हैं तो उनको गर्म सरिए से दागा जाता है. एक मासूम बच्चे को इतना टॉर्चर किया गया कि उसके शरीर से खून निकलने लग गया. 19 अगस्त को पीड़ित बच्चों के वीडियो सामने आने के बाद गुस्साए परिजनों ने हॉस्टल के बाहर हंगामा कर दिया.
दरसअल, सीमावर्ती सेड़वा थाना क्षेत्र का हरपालेश्वर मंदिर ट्रस्ट एक हॉस्टल का संचालन करता है. इस हॉस्टल में घुमंतु, गरीब के बच्चे और अनाथ बच्चे रहते हैं. जहां बच्चों को आध्यात्मिक शिक्षा दी जाती है. आरोप है कि 16 अगस्त की रात को एक बच्चे को सरिए से दागा गया. जिससे भयभीत होकर वह बच्चा मंदिर परिसर से भाग खड़ा हुआ और बाहर आकर चिल्लाने लगा. आरोप है को उसके शरीर से खून निकल रहा था. ग्रामीणों ने बच्चे को परिवार के सूचना दी इसके बाद पूरा मामला समझ में आया. बच्चे के शरीर पर दागने के निशान थे. उसके साथ मारपीट भी की गई थी.