जी, सुना क्या?? मुनीर को याद दिलाया 93 हजार सैनिकों का सरेंडर! दिव्यांगजन अनुकूल होंगे सरकारी कार्यालय: पंचकूला प्रशासन का बड़ा फैसला, रैंप से व्हीलचेयर तक मिलेंगी सुविधाएं जी,सुना क्या ?? “अजमेर का भविष्य आपके एक वोट में” “नई कार की डिलीवरी लेने से पहले चेक करें ये 7 चीजें: कहीं आपको पुराना स्टॉक या खराब गाड़ी तो नहीं थमाई जा रही?” हाल की PDI गाइड भी VIN, manufacturing period, tyres, fluids, electronics और documents की जांच को प्रमुख बिंदु मानती हैं। “ टिकट मांगना सबका अधिकार, लेकिन मिलेगा किसी एक को ही, इसलिए जिसे मिले उसे जिताये- डोटासरा मानसून फेस्ट-2026 में उमड़ी महिलाएं, डिप्टी CM ने खाये पानी पताशे, विधायक भदेल के साथ झूले का लिया आनंद
जी, सुना क्या?? मुनीर को याद दिलाया 93 हजार सैनिकों का सरेंडर! दिव्यांगजन अनुकूल होंगे सरकारी कार्यालय: पंचकूला प्रशासन का बड़ा फैसला, रैंप से व्हीलचेयर तक मिलेंगी सुविधाएं जी,सुना क्या ?? “अजमेर का भविष्य आपके एक वोट में” “नई कार की डिलीवरी लेने से पहले चेक करें ये 7 चीजें: कहीं आपको पुराना स्टॉक या खराब गाड़ी तो नहीं थमाई जा रही?” हाल की PDI गाइड भी VIN, manufacturing period, tyres, fluids, electronics और documents की जांच को प्रमुख बिंदु मानती हैं। “ टिकट मांगना सबका अधिकार, लेकिन मिलेगा किसी एक को ही, इसलिए जिसे मिले उसे जिताये- डोटासरा मानसून फेस्ट-2026 में उमड़ी महिलाएं, डिप्टी CM ने खाये पानी पताशे, विधायक भदेल के साथ झूले का लिया आनंद
Toggle Test

“नई कार की डिलीवरी लेने से पहले चेक करें ये 7 चीजें: कहीं आपको पुराना स्टॉक या खराब गाड़ी तो नहीं थमाई जा रही?” हाल की PDI गाइड भी VIN, manufacturing period, tyres, fluids, electronics और documents की जांच को प्रमुख बिंदु मानती हैं। “

नई कार की चमक देखकर न लें तुरंत डिलीवरी; टायर की तारीख से लेकर VIN, इंजन ऑयल और इलेक्ट्रॉनिक्स तक—PDI में इन जरूरी चीजों को जांचना हो सकता है बेहद महत्वपूर्ण

शुभदा शक्ति | ऑटो डेस्क

नई कार खरीदना किसी भी परिवार के लिए खुशी का बड़ा मौका होता है। शोरूम में चमचमाती कार सामने हो, चाबी मिलने वाली हो और परिवार डिलीवरी का इंतजार कर रहा हो तो अक्सर ग्राहक जल्दबाजी में जरूरी जांच करना भूल जाते हैं। लेकिन यही जल्दबाजी बाद में परेशानी का कारण बन सकती है।

सोशल मीडिया पर नई कार की डिलीवरी से पहले की जाने वाली जांच से जुड़े वीडियो लगातार लोगों का ध्यान खींच रहे हैं। इनमें कार की बॉडी, टायर, इंजन, इलेक्ट्रॉनिक फीचर्स और मैन्युफैक्चरिंग डेट जैसी चीजों को जांचने की सलाह दी जा रही है। ऑटोमोबाइल विशेषज्ञ भी नई कार स्वीकार करने से पहले Pre-Delivery Inspection यानी PDI को महत्वपूर्ण मानते हैं।

आखिर क्या है PDI?

PDI यानी Pre-Delivery Inspection वह प्रक्रिया है जिसमें ग्राहक डिलीवरी स्वीकार करने से पहले अपनी कार को अच्छी तरह जांचता है। इसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि ग्राहक को वही मॉडल और वेरिएंट मिल रहा है जिसे उसने बुक किया था और वाहन में किसी प्रकार का दिखाई देने वाला नुकसान, खराबी या दूसरी समस्या नहीं है।

PDI के दौरान कार की पहचान और VIN से लेकर बॉडी, टायर, इंटीरियर, इलेक्ट्रॉनिक्स, इंजन तथा दस्तावेजों तक की जांच की जा सकती है।

1. सबसे पहले देखें कार की मैन्युफैक्चरिंग डेट

डिलीवरी लेने से पहले यह जानना जरूरी है कि आपको दी जा रही कार कब बनी थी। केवल मॉडल नया होने का मतलब यह नहीं कि संबंधित यूनिट हाल ही में बनी हो।

कार के VIN/Chassis Number और उपलब्ध निर्माता संबंधी जानकारी की मदद से वाहन के निर्माण संबंधी विवरण की पुष्टि की जा सकती है। VIN को कार और दस्तावेजों में दिए नंबर से भी मिलाना चाहिए।

यदि कार अपेक्षा से काफी पुरानी बनी हुई मिले तो सीधे उसे खराब मानने के बजाय डीलर से उसके स्टॉक और स्टोरेज की जानकारी तथा आवश्यक स्पष्टीकरण लेना बेहतर है।

2. टायर बताते हैं बहुत कुछ, जरूर देखें उनकी तारीख

वीडियो में भी टायर की मैन्युफैक्चरिंग डेट जांचने पर खास जोर दिया गया है।

टायर की साइडवॉल पर मौजूद चार अंकों का कोड उसके निर्माण का सप्ताह और वर्ष बताने में मदद करता है। उदाहरण के लिए 3424 जैसे कोड का अर्थ सामान्यतः वर्ष 2024 का 34वां सप्ताह होता है।

सभी टायरों की स्थिति, ब्रांड/मॉडल, आकार और मैन्युफैक्चरिंग कोड देखें। कट, क्रैक, उभार या असामान्य घिसाव जैसी चीजों पर भी ध्यान दें। स्पेयर व्हील की जांच करना न भूलें।

3. चमकती बॉडी के पीछे छिपा हो सकता है नुकसान

नई कार की बॉडी को केवल सामने से देखकर संतुष्ट न हों।

बेहतर होगा कि कार को दिन की रोशनी में चारों तरफ से देखें। दरवाजों के किनारे, बोनट, बंपर, रूफ, व्हील आर्च और ऐसी जगहों को भी देखें जहां छोटे स्क्रैच या रिपेयर के निशान आसानी से नजर नहीं आते।

पेंट के रंग में अंतर, डेंट, स्क्रैच, असमान पैनल गैप या टच-अप जैसे संदिग्ध निशान दिखाई दें तो डीलर से जानकारी मांगें।

4. बोनट खोलकर इंजन बे की भी करें जांच

नई गाड़ी है इसलिए बोनट खोलने की जरूरत नहीं—यह सोच सही नहीं है।

इंजन बे में किसी प्रकार के ऑयल या कूलेंट लीकेज, ढीली वायरिंग, क्षतिग्रस्त हिस्से या असामान्य निशान तो नहीं हैं, इसे देखें। इंजन ऑयल, कूलेंट और ब्रेक फ्लूइड जैसे आवश्यक फ्लूइड के स्तर भी जांचे जा सकते हैं।

कार स्टार्ट करने पर किसी असामान्य आवाज, कंपन या डैशबोर्ड पर लगातार जल रही चेतावनी लाइट को नजरअंदाज न करें।

5. Infotainment से AC तक—एक-एक फीचर चलाकर देखें

आज की कारों में इलेक्ट्रॉनिक्स की भूमिका काफी बढ़ गई है। इसलिए केवल इंजन स्टार्ट होना पर्याप्त नहीं है।

इंफोटेनमेंट स्क्रीन, Bluetooth/Android Auto/Apple CarPlay (जहां उपलब्ध हो), AC, पावर विंडो, सेंट्रल लॉकिंग, ORVM, हॉर्न, हेडलाइट, इंडिकेटर, वाइपर, रिवर्स कैमरा, पार्किंग सेंसर और अन्य उपलब्ध फीचर्स को एक-एक करके जांचें।

कार में जिस फीचर के लिए आपने पैसा दिया है, उसकी कार्यप्रणाली डिलीवरी से पहले देख लेना बेहतर है।

6. Odometer पर भी रखें नजर

डिलीवरी से पहले कार के odometer की फोटो ले सकते हैं। नई कार में फैक्ट्री, ट्रांसपोर्ट और डीलर PDI के कारण कुछ किलोमीटर चलना सामान्य हो सकता है।

हालांकि रीडिंग असामान्य रूप से अधिक लगे तो डीलर से उसका कारण पूछें और यह भी स्पष्ट करें कि वाहन कहीं डेमो या लंबे टेस्ट के लिए इस्तेमाल तो नहीं हुआ।

7. VIN और दस्तावेजों में नंबर जरूर मिलाएं

कार पर मौजूद VIN/Chassis Number और Engine Number को उपलब्ध इनवॉइस तथा संबंधित दस्तावेजों से cross-check करें।

इसके अलावा यह भी सुनिश्चित करें कि—

  • मॉडल और वेरिएंट वही है जो बुक किया था
  • रंग सही है
  • इंश्योरेंस संबंधी जानकारी सही है
  • वारंटी से जुड़े दस्तावेज मिले हैं
  • Owner’s Manual उपलब्ध है
  • दोनों चाबियां मिली हैं
  • स्पेयर व्हील/पंक्चर किट, जैक और टूलकिट उपलब्ध हैं
  • खरीदी गई या वादा की गई सभी एक्सेसरीज लगी हुई हैं

समस्या दिखे तो जल्दबाजी में डिलीवरी स्वीकार न करें

PDI के दौरान कोई स्क्रैच, गायब एक्सेसरी, सॉफ्टवेयर समस्या या फिटिंग संबंधी कमी मिले तो उसे तुरंत डीलर के सामने रखें और समाधान के बाद दोबारा जांचें।

वहीं गंभीर स्थिति—जैसे संदिग्ध रिपेयर/रीपेंट, जंग, पानी घुसने के संकेत, लीकेज, लगातार warning lights या असामान्य mechanical आवाज—में मामले को हल्के में नहीं लेना चाहिए। समस्या और डीलर की ओर से दिए गए समाधान को लिखित रूप में लेने का प्रयास करें।

कार की डिलीवरी उत्साह में नहीं, जांच के बाद लें

नई कार खरीदने में लाखों रुपये खर्च होते हैं। ऐसे में डिलीवरी के समय कुछ अतिरिक्त मिनट देकर वाहन की पूरी जांच करना ग्राहक को भविष्य की परेशानी से बचा सकता है।

याद रखें—नई कार की चमक देखकर तुरंत चाबी लेना ही डिलीवरी नहीं है; सही कार, सही स्थिति और सही दस्तावेजों के साथ वाहन स्वीकार करना ही समझदारी है।

डिस्क्लेमर: अलग-अलग कार निर्माताओं और मॉडलों में VIN decoding, उपकरण, तकनीकी जांच और डिलीवरी प्रक्रिया अलग हो सकती है। किसी विशेष तकनीकी बिंदु के लिए संबंधित वाहन निर्माता की आधिकारिक जानकारी/Owner’s Manual और अधिकृत डीलर से पुष्टि करें।

sshakti
Author: sshakti

Leave a Comment

और पढ़ें

“नई कार की डिलीवरी लेने से पहले चेक करें ये 7 चीजें: कहीं आपको पुराना स्टॉक या खराब गाड़ी तो नहीं थमाई जा रही?” हाल की PDI गाइड भी VIN, manufacturing period, tyres, fluids, electronics और documents की जांच को प्रमुख बिंदु मानती हैं। “

“नई कार की डिलीवरी लेने से पहले चेक करें ये 7 चीजें: कहीं आपको पुराना स्टॉक या खराब गाड़ी तो नहीं थमाई जा रही?” हाल की PDI गाइड भी VIN, manufacturing period, tyres, fluids, electronics और documents की जांच को प्रमुख बिंदु मानती हैं। “