5 लीटर से ज़्यादा दूध देने वाले पशुओं को कैसा आहार दें, डाइट में शामिल करे ये घरेलू उपाय
दूध देने वाले पशुओं के लिए संतुलित आहार ज़रूरी है. 5 लीटर तक दूध देने वाले पशुओं को अच्छा हरा चारा पर्याप्त होता है, जबकि 5 लीटर से अधिक दूध देने वाले पशुओं को अतिरिक्त अनाज देना चाहिए. अगर आहार में खली, अनाज और चोकर बराबर मात्रा में मिलाए जाएँ, तो यह पौष्टिक और किफ़ायती चारा बन जाता है.

दूध देने वाले पशुओं के आहार में दाल वाले और बिना दाल वाले चारे का मिश्रण होना चाहिए. जो पशु 5 लीटर तक दूध देते हैं, उन्हें केवल अच्छी गुणवत्ता का हरा चारा खिलाने से भी अच्छा दूध मिल सकता है. लेकिन 5 लीटर से अधिक दूध देने वाले पशुओं को हर 2.0–2.5 लीटर अतिरिक्त दूध के लिए 1 किलोग्राम अनाज देना चाहिए. अगर अनाज में एक भाग खली, एक भाग अनाज और एक भाग चोकर मिलाया जाए, तो वह संतुलित आहार बनता है.
पशुओं को हरे या सूखे चारे के साथ-साथ खनिज और कैल्शियम भी देना ज़रूरी है. इसके लिए आप पशु चिकित्सक की सलाह लेकर चारे में प्रो पाउडर, मिल्क बूस्टर, मिल्कगेन जैसे आहार की भी मदद ले सकते हैं.
संतुलित आहार से ही पशुओं के स्वास्थ्य और दूध उत्पादन में सुधार हो सकता है. इसके लिए पशु को हर दिन 20 किलो आहार देना आवश्यक है. पशुओं को हरा चारा, 4 से 5 किलो सूखा चारा और 2 से 3 किलो अनाज और दालें मिलाकर खिलाएं. जिससे आपकी गाय और भेंस के दूध देने की क्षमता बढे़गी.

यह जुगाड़ एक प्राकृतिक चूर्ण पर आधारित है, जिसे विभिन्न घरेलू मसालों से तैयार किया जाता है. यह चूर्ण गाय और भैंस के आहार में मिलाकर दिया जाता है, जिससे उनका पाचन तंत्र बेहतर होता है और दूध उत्पादन में वृद्धि होती है.
इस चूर्ण को तैयार करने के लिए कुछ सामग्रियों की आवश्यकता होती है, जिसमें 100 ग्राम मेथी के दाने, 50 ग्राम अजवाइन, 50 ग्राम सौंफ, हल्दी पाउडर 20 ग्राम और हींग 5 ग्राम मिलाया जाता है.
जब चूर्ण तैयार हो जाए, तो रोज़ 50 ग्राम मात्रा गाय या भैंस के खाने में मिलाकर दिन में दो बार दें. इसे चारे या दाने के साथ मिलाकर दें, ताकि पशु आसानी से खा सकें. इस चूर्ण का उपयोग लगातार एक हफ़्ते तक करें. सिर्फ़ एक हफ़्ते में ही दूध उत्पादन बढ़ता हुआ देखेंगे
