महिला अपने पति को छोड़ने के बाद राजस्थान के अजमेर में एक अन्य व्यक्ति के साथ रह रही थी, कथित तौर पर अपने पति द्वारा अपनी बेटी को लेकर उसे ताने मारने से तंग आ चुकी थी। मंगलवार को देर रात गश्त के दौरान हेड कांस्टेबल गोविंद शर्मा को सड़क पर एक जोड़ा मिला और उन्होंने पूछा कि वे उस समय क्या कर रहे थे।
महिला ने अपना नाम अंजलि बताया और कहा कि वह अपनी बेटी के साथ घर से निकली थी, लेकिन रास्ते में बच्ची अचानक गायब हो गई। उसने दावा किया कि उन्होंने पूरी रात उसकी तलाश की, लेकिन कोई फायदा नहीं हुआ।

पुलिस ने छानबीन की तो खुला गहरा राज
पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज देखी और अंजलि (उर्फ प्रिया) को अपनी बेटी को गोद में लिए शहर की आना सागर झील के किनारे टहलते हुए पाया। कुछ घंटे बाद, रात के लगभग डेढ़ बजे, वह महिला अकेली अपने मोबाइल फोन पर व्यस्त दिखाई दी। सीसीटीवी फुटेज उसकी कथनी के विपरीत थे और संदेह उत्पन्न करते थे।
अगली सुबह, बुधवार को पुलिस को बच्ची का शव झील में मिला। पूछताछ में अंजलि कथित तौर पर टूट गई और उसने अपनी बेटी को कृत्रिम झील में फेंकने की बात कबूल कर ली।

पुलिस ने क्या बताया?
पुलिस ने पाया कि अंजलि ने अकेले ही इस अपराध को अंजाम दिया था। उसके लिव-इन पार्टनर अलकेश को रात 2 बजे बच्चे के लापता होने की सूचना मिली थी। अंजलि का आरोप है कि अलकेश उसे उसके बच्चे को लेकर ताने मारता था और उसने “तनाव” में ऐसा किया। 28 साल की अंजलि उत्तर प्रदेश के वाराणसी की रहने वाली है। पति से अलग होने के बाद, वह अजमेर आकर अपने प्रेमी के साथ रहने लगी। वह अजमेर के एक होटल में रिसेप्शनिस्ट का काम करती है, जहां अलकेश भी काम करता है।

पुलिस ने दोनों को साथ लेकर अभय कमांड सेन्टर से सीसीटीवी फुटेज देखना शुरू किया तो पता लगा कि मंगलवार की रात दस बजे से डेढ़ बजे तक महिला के साथ उसकी बच्ची थी. प्रकरण में संदेह होने पर फिर से सीसीटीवी फुटेज देखे गए तो सामने आया कि महिला पुरानी आनासागर चौपाटी पर गई थी. यहां उसने अपनी बच्ची को रात डेढ़ बजे बाद झील में धक्का दे दिया.