Toggle Test

भारतीय IPO बाजार 2025 की पहली छमाही में: गिरावट के बीच मजबूती का संकेत*

 

2025 की पहली छमाही भारतीय IPO बाजार के लिए कई मायनों में अहम रही। EY की रिपोर्ट के मुताबिक, इस दौरान भारत में कुल 108 आईपीओ हुए और कंपनियों ने 4.6 अरब डॉलर की पूंजी जुटाई। सौदों की संख्या में 30% की गिरावट आई है, जो एक चुनौती जरूर है, लेकिन फंडरेजिंग में मात्र 2% की गिरावट यह बताती है कि निवेशकों की दिलचस्पी बनी हुई है।

 

गुणवत्ता बनाम मात्रा:

यह बदलाव सिर्फ आंकड़ों तक सीमित नहीं है। कंपनियां अब अधिक रणनीतिक बन गई हैं — वे बाजार के अनुकूल समय का इंतज़ार कर रही हैं और मूल्यांकन पर गंभीरता से विचार कर रही हैं। इससे बाजार में दीर्घकालिक स्थिरता और निवेशकों का विश्वास दोनों मजबूत हुए हैं।

 

वैश्विक संदर्भ में भारत:

वैश्विक आईपीओ बाजार ने इस अवधि में 539 सौदे दर्ज किए और 61.4 अरब डॉलर जुटाए। भारत में भले ही सौदों की संख्या घटी हो, पर समग्र रूप से एशिया-प्रशांत क्षेत्र में ठोस वृद्धि रही। पश्चिम एशिया में विस्तार जारी है, जबकि अमेरिका स्थिर बना हुआ है।

 

भविष्य की उम्मीदें:

दूसरी छमाही में सुधार की उम्मीद है। सरकार की समर्थक नीतियाँ, आर्थिक स्थिरता और निवेशकों की बढ़ती सकारात्मक भावना मिलकर 2025 की शेष अवधि को आईपीओ बाजार के लिए और अधिक सशक्त बना सकती हैं।

sshakti
Author: sshakti

Leave a Comment

और पढ़ें